दिल्ली पुलिस के भीतर बड़ा स्टिकर एक्सटॉर्शन रैकेट: अवैध एंट्री स्टिकर से करोड़ों की वसूली, 2 पुलिसकर्मी गिरफ्तार
दिल्ली पुलिस के भीतर ही एक बड़ा स्टिकर एक्सटॉर्शन रैकेट चल रहा था, जिसमें पुलिसकर्मी ही वीडियो बनाकर ब्लैकमेलिंग करते थे और अवैध एंट्री स्टिकर से करोड़ों रुपये की उगाही करते थे। यह खुलासा पुलिस की ही एक कार्रवाई में हुआ है, जिसमें दो पुलिसकर्मियों को गिरफ्तार किया गया है। यह मामला संस्था के भीतर गहरे भ्रष्टाचार और संगठित अपराध के गठजोड़ की ओर इशारा करता है।
आरोप है कि यह गैंग पुलिसवालों को ही ब्लैकमेल करने का काम करता था। उन पर वीडियो बनाकर दबाव डालने और फिर अवैध एंट्री स्टिकर बेचकर मोटी रकम वसूलने का आरोप है। यह रैकेट सिस्टमैटिक तरीके से चल रहा था और इससे जुड़े आरोपियों ने करोड़ों रुपये की अवैध कमाई की है। गिरफ्तारी से पुलिस विभाग के अंदरूनी हलकों में हड़कंप मचा है।
इस मामले ने दिल्ली पुलिस की आंतरिक जवाबदेही और निगरानी तंत्र पर गंभीर सवाल खड़े कर दिए हैं। एक ओर जहां पुलिस ऐसे रैकेट का पर्दाफाश कर रही है, वहीं उसके अपने अधिकारी ही आरोपी बन रहे हैं। यह घटना संस्थागत भ्रष्टाचार के खिलाफ लड़ाई की जटिलताओं को उजागर करती है और सुझाव देती है कि यह रैकेट और व्यापक हो सकता है। आगे की जांच से और नाम सामने आने की संभावना है, जिससे पुलिस प्रशासन पर और दबाव बढ़ सकता है।